केकड़ी पुलिस थाना द्वारा एक अत्यंत प्रभावी कार्यवाही में शातिर महिला आरोपी दिव्या वैष्णव को गिरफ्तार किया गया जिसने 5,24,100 रुपये की लूट को अंजाम दिया था। पुलिस अधीक्षक वंदिता राणा के निर्देश पर चलाए जा रहे इस विशेष अभियान के तहत अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामचंद्र सिंह और वृताधिकारी हर्षित शर्मा की पैनी निगरानी में यह सफलता हासिल की गई।


अजमेर जिले के गेगल थाना क्षेत्र के निवासी जितेन्द्र ने 6 अक्टूबर 2024 को एक रिपोर्ट दर्ज कराई थी जिसमें उन्होंने बताया कि वह 9 लाख रुपये लेकर बाइक से श्रीनगर से छाण जा रहे थे। रास्ते में लोहरवाड़ा माताजी मंदिर के पास उन्हें एक लड़का और लड़की मिले जिन्होंने दोस्ताना अंदाज में साथ चलने की पेशकश की। लेकिन जब वे केकड़ी के पास ज्योतिबा फूले सर्किल पर पहुंचे तो उन दोनों ने अचानक गाड़ी रुकवाई धक्का देकर जितेंद्र का बैग और मोबाइल छीनकर फरार हो गए। इस लूट की घटना पर तुरंत प्रकरण संख्या 461/24 धारा 309 (4) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर लिया गया।


पुलिस अधीक्षक वंदिता राणा ने तेजी से इस मामले की गंभीरता को समझते हुए विशेष टीम का गठन किया। टीम ने आरोपी को पकड़ने के लिए केकड़ी से कोटा तक के रास्तों टोल नाकों होटल ढाबों और हाईवे पर लगे 80 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों के फुटेज बारीकी से खंगाले। इनके आधार पर आरोपी दिव्या वैष्णव की पहचान की गई जो कोटा के शीतला माता चौक की निवासी थी। गहन पूछताछ के दौरान दिव्या ने अपने पति गणेश वैष्णव के साथ मिलकर इस घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार की। दिव्या के कब्जे से लूट की रकम 5,24,100 रुपये बरामद की गई जबकि उसका पति अभी भी फरार है और उसकी तलाश जोरों से जारी है।

पुलिस टीम की सराहनीय मेहनत: इस सफल गिरफ्तारी और लूट की रकम की बरामदगी में थानाधिकारी धोलाराम और उनकी टीम की विशेष भूमिका रही। पुलिस टीम में बनवारीलाल, कालूराम, राकेश कुमार, रामराज, प्रहलाद, श्रीमती संतोष, श्रीमती कर्मावती, नीरज कुमार और शिवजी का योगदान उल्लेखनीय रहा।