केकड़ी-  केकड़ी क्षेत्र के निकटवर्ती मेहरू कला से गुलगांव तक का मुख्य मार्ग खस्ताहाल होकर हादसों का अड्डा बन गया है। जगह-जगह गहरे गड्ढे, निकले नुकीले पत्थर और क्षतिग्रस्त डामर ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा रहे हैं। आए दिन बाइक सवार चोटिल हो रहे हैं और वाहन चालकों को जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। यह मार्ग मेहरू कला, सदारा, गुलगांव होते हुए सीधे केकड़ी, नसीराबाद, अजमेर, जयपुर और ब्यावर को जोड़ता है। प्रतिदिन सैकड़ों लोग और भारी वाहन इस रास्ते से गुजरते हैं। मानसून की पहली बारिश ने सड़क की पोल खोल दी और घटिया निर्माण सामग्री की सच्चाई उजागर कर दी।


समाजसेवी महेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया कि सड़क की दुर्दशा से ग्रामीण रोज हादसों के साये में जी रहे हैं। डामर उखड़ चुका है, दोनों ओर बड़े-बड़े खड्डे हो गए हैं। नुकीले पत्थर निकल आए हैं, जो दोपहिया चालकों के लिए मौत का सबब बन सकते हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) और ठेकेदार लापरवाह बने हुए हैं। लंबे समय से शिकायत करने के बावजूद कोई सुनवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक कोई बड़ा हादसा नहीं होगा, तब तक अधिकारियों की नींद नहीं टूटेगी। लोगों ने प्रशासन से तत्काल सड़क मरम्मत और नए सिरे से निर्माण की मांग की है। ग्रामीणों का साफ कहना है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।